मुजफ्फरपुर : दुनिया की कई अर्थव्यवस्था ध्वस्त हुईं हैं, लेकिन भारत इस संकट की चपेट में नहीं आया. इसके मूल में हमारी संस्कृति, प्रकृति और सामाजिक तानाबाना था. तब भारतीय अर्थव्यवस्था के केंद्र में वेद लक्षणा गौ थी. लेकिन 16 वीं शताब्दी यहां भैंस का आगमन अफ्रीका से हुआ.
इसके बाद इस गोवंश का अपमान और उपेक्षा शुरू हुई. इसका असर आज हमारी संस्कृति व अर्थव्यवस्था पर पड़ा. बीमारी, बेरोजगार, पर्यावरण संकट, जल संकट उत्पन्न हुआ. भारत के युवा वर्ग इस गोवंश की रक्षा व पालन में जुटेंगे, तो भारत का व्यक्ति-व्यक्ति तन-मन से रोगमुक्त होगा. ...

Comments

Popular posts from this blog

जम्मू-कश्मीर में नवरात्र से पहले आतंकियों ने बड़े आतंकी आक्रमणों को कार्यान्वयन का प्रयास किया। नवरात्रारंभ से पूर्व दिवस आतंकियों ने रामबन में एक परिवार को बंधक बना लिया